Dearness Allowance Calculation Updates केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स के बीच आठवें वेतन आयोग को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही है। खास तौर पर यह सवाल बार-बार उठ रहा है कि क्या महंगाई भत्ता (DA) और महंगाई राहत (DR) को बेसिक सैलरी में मर्ज किया जाएगा या नहीं। अब सरकार की ओर से इस विषय पर स्थिति साफ कर दी गई है। आइए पूरे अपडेट को आसान और साफ भाषा में समझते हैं।
आठवें वेतन आयोग को लेकर क्यों है चर्चा?
हर नए वेतन आयोग के समय कर्मचारियों की सैलरी स्ट्रक्चर में बड़े बदलाव होते हैं। इसी वजह से यह कयास लगाए जा रहे थे कि आठवें वेतन आयोग में DA को बेसिक सैलरी में जोड़ दिया जाएगा। अगर ऐसा होता, तो भविष्य में DA की गणना नई बढ़ी हुई बेसिक सैलरी पर होती और कुल वेतन में बड़ा इजाफा दिखता।
DA बेसिक सैलरी में मर्ज होने की अफवाह
कुछ समय से खबरें चल रही थीं कि आगे चलकर DA और DR को अलग-अलग न बढ़ाकर सीधे बेसिक सैलरी में मर्ज कर दिया जाएगा। मतलब यह कि महंगाई भत्ता अलग से नहीं मिलेगा, बल्कि वह बेसिक सैलरी का हिस्सा बन जाएगा। इसी बात को लेकर कर्मचारियों में काफी भ्रम बना हुआ था।
उदाहरण से समझिए DA मर्ज होने का मतलब
मान लीजिए किसी कर्मचारी की मौजूदा बेसिक सैलरी ₹30,000 है। अगर DA को बेसिक में मर्ज कर दिया जाता, तो नई बेसिक सैलरी लगभग ₹55,000 तक पहुंच सकती थी। इसके बाद अगर अगली छमाही में DA 10% तय होता, तो 10% की गणना ₹55,000 पर होती और कर्मचारी को ₹5,500 DA मिलता। इसी वजह से कर्मचारी इस फैसले का इंतजार कर रहे थे।
महंगाई भत्ता कैसे तय किया जाता है?
महंगाई भत्ता किसी अनुमान या मनमाने फैसले से तय नहीं होता। केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए DA की दर हर 6 महीने में बढ़ाई या घटाई जाती है। यह पूरी तरह AICPI-IW (ऑल इंडिया कंज्यूमर प्राइस इंडेक्स – इंडस्ट्रियल वर्कर्स) पर आधारित होता है। इसी इंडेक्स के आधार पर पेंशनर्स को मिलने वाली महंगाई राहत (DR) भी तय की जाती है।
सरकार ने DA मर्ज को लेकर क्या कहा?
सरकार ने अब इस मुद्दे पर साफ कर दिया है कि DA और DR को बेसिक सैलरी में मर्ज नहीं किया जाएगा। यानी कर्मचारियों को पहले की तरह ही बेसिक सैलरी अलग मिलेगी और महंगाई भत्ता अलग से दिया जाता रहेगा। आगे भी DA और DR में बढ़ोतरी AICPI-IW इंडेक्स के आधार पर ही होती रहेगी।
फिलहाल कर्मचारियों को कितना DA मिल रहा है?
दिवाली से पहले 3% की बढ़ोतरी के बाद केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनर्स को 58% की दर से DA और DR मिल रहा है। सेवा में कार्यरत कर्मचारियों को इसे Dearness Allowance कहा जाता है, जबकि पेंशनर्स को इसी दर से Dearness Relief दिया जाता है।
आठवें वेतन आयोग पर लेटेस्ट स्थिति
हाल ही में सरकार ने आठवें वेतन आयोग के गठन की घोषणा कर दी है। परंपरा के अनुसार नया वेतन आयोग वर्ष 2026 में लागू होने की उम्मीद की जा रही थी। हालांकि, प्रक्रिया में हो रही देरी को देखते हुए यह माना जा रहा है कि नई वेतन सिफारिशों को समय पर लागू करना थोड़ा मुश्किल हो सकता है।
संक्षेप में कहा जाए तो फिलहाल DA को बेसिक सैलरी में मर्ज करने का कोई फैसला नहीं हुआ है। सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को पहले की तरह अलग से महंगाई भत्ता मिलता रहेगा और इसकी गणना महंगाई के आंकड़ों के आधार पर होती रहेगी। आठवें वेतन आयोग से जरूर उम्मीदें हैं, लेकिन DA मर्ज को लेकर फैल रही अफवाहों पर अब विराम लग चुका है।